* Prices are subject to revision. Delivery fees may vary by location.
Publisher
Tirthadham Mangalayatan Sahitya KendraShree Aadinath – Kundkund – Kahan Digamber Jain Trust ‘Vimlanchal’, Hari Nagar, Aligarh – 202001 (U.P.) India
📖कुंदकुंद कहान स्वर
✍️यह ग्रन्थ आचार्य कुंदकुंद स्वामी के सूत्रों पर आधारित प्रेरणादायक कथाओं एवं सरल व्याख्याओं का संकलन है।
इसमें आत्मतत्त्व, सम्यग्दर्शन, वैराग्य एवं मोक्षमार्ग से जुड़े गूढ़ सिद्धान्तों को कथात्मक शैली में अत्यन्त सहज एवं प्रभावशाली रूप में प्रस्तुत किया गया है।
जैन दर्शन के मूल सिद्धान्तों को सरल रूप में समझने एवं आत्मकल्याण की प्रेरणा प्राप्त करने के इच्छुक जिज्ञासुओं के लिए यह ग्रन्थ अत्यन्त उपयोगी है।
Topics